आशा भोसले ने भारतीय संगीत पर अमिट छाप छोड़ी : उपराष्ट्रपति राधाकृष्णन
नई दिल्ली, रविवार, 12 अप्रैल 2026। उपराष्ट्रपति सी.पी. राधाकृष्णन ने रविवार को प्रख्यात गायिका आशा भोसले के निधन पर शोक व्यक्त करते हुए कहा कि उनकी बहुमुखी प्रतिभा ने उन्हें विभिन्न शैलियों में सहजता से गाने की क्षमता प्रदान की। भोसले का 92 वर्ष की उम्र में रविवार को मुंबई में निधन हो गया। उन्हें सीने में संक्रमण और कमजोरी के कारण शनिवार को ब्रीच कैंडी अस्पताल में भर्ती कराया गया था। उपराष्ट्रपति ने सोशल मीडिया मंच 'एक्स' पर एक पोस्ट में कहा, ''आशा जी की आवाज में विविधता ने उन्हें विभिन्न शैलियों में सहजता से गाने की क्षमता प्रदान की, जिससे उन्होंने भावपूर्ण गजलों और पारंपरिक भजनों में महारत हासिल की।'' राधाकृष्णन ने कहा कि आशा भोसले ने भारतीय संगीत पर एक अमिट छाप छोड़ी है। उपराष्ट्रपति ने कहा, ''उनकी कालजयी आवाज और संगीत की विरासत लाखों लोगों के दिलों में गूंजती रहेगी और आने वाली पीढ़ियों को प्रेरित करती रहेगी।''
Similar Post
-
जनगणना 2027: सिंधुदुर्ग का मूठ गांव स्व-गणना पूरा करने वाला महाराष्ट्र का पहला गांव बना
मुंबई, शनिवार, 09 मई 2026। महाराष्ट्र में जनगणना अभियान के तहत ए ...
-
पीएमके संस्थापक रामदास ने राज्यपाल से टीवीके को सरकार बनाने का आमंत्रण देने का आग्रह किया
चेन्नई, शनिवार, 09 मई 2026। पट्टाली मक्कल काची (पीएमके) के संस्था ...
-
ओडिशा में सड़क घटनाओं में दो लोगों की मौत, 30 घायल
भुवनेश्वर, शनिवार, 09 मई 2026। ओडिशा के गंजाम, मयूरभंज और सुंदरग ...
