आईआरसीटीसी होटल घोटाला: लालू, आठ अन्य के खिलाफ आरोप तय करने की कार्यवाही स्थगित

img

नई दिल्ली, शनिवार, 03 अक्टूबर 2026। दिल्ली की एक अदालत ने शनिवार को पूर्व रेल मंत्री लालू प्रसाद यादव, उनकी पत्नी राबड़ी देवी, बेटे तेजस्वी यादव और छह अन्य लोगों के खिलाफ कथित आईआरसीटीसी होटल घोटाले से जुड़े धनशोधन मामले में औपचारिक रूप से आरोप तय करने की कार्यवाही 30 अक्टूबर तक स्थगित कर दी। विशेष न्यायाधीश प्रशांत कुमार ने कार्यवाही स्थगित की। पिछली अदालत ने प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) द्वारा आरोपी बनाए गए 16 लोगों में से सात लोगों को 10 सितंबर को आरोपों से मुक्त कर दिया था और नौ लोगों के खिलाफ आरोप तय करने का आदेश दिया था। अदालत ने औपचारिक रूप से आरोप तय करने के लिए मामले को तीन अक्टूबर को सूचीबद्ध किया था। पिछले साल अक्टूबर में इसी कथित घोटाले से जुड़े सीबीआई मामले में अदालत ने राजद प्रमुख और 11 अन्य लोगों के खिलाफ भ्रष्टाचार के आरोप पहले ही तय कर दिए थे। ईडी के अनुसार, 2005 से 2014 के बीच तत्कालीन रेल मंत्री लालू प्रसाद के कार्यकाल में रांची और पुरी में आईआरसीटीसी के होटलों के संचालन के लिए जारी निविदा में हेरफेर किया गया था, ताकि इसका फायदा सुजाता होटल्स को मिल सके।

ईडी ने दावा किया कि इसके बदले में सुजाता होटल्स के निदेशकों विनय कोचर और विजय कोचर ने पटना की अपनी प्रमुख जमीन डिलाइट मार्केटिंग कंपनी प्राइवेट लिमिटेड (डीएमसीपीएल) को कम कीमत पर सौंप दी थी। यह कंपनी प्रेम चंद गुप्ता और उनकी पत्नी सरला गुप्ता के नियंत्रण में थी, जो लालू प्रसाद के करीबी सहयोगी थे। ईडी ने कहा कि बाद में सरला गुप्ता और अन्य लोगों ने डीएमसीपीएल के शेयर बहुत कम कीमत पर राबड़ी देवी और तेजस्वी यादव के नाम कर दिए थे। बाद में इस कंपनी का नाम बदलकर लारा प्रोजेक्ट्स कर दिया गया।

Similar Post

LIFESTYLE

AUTOMOBILES

Recent Articles

Facebook Like

Subscribe

FLICKER IMAGES

Advertisement